
हरिपथ:मुंगेली/लोरमी, 5 सितंबर को लोक शिक्षण संचालनाय राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार समारोह वर्ष 2025 में चयनित शिक्षकों का महामहिम राज्यपाल रामेन डेका के हाथों से 64 शिक्षकों का सम्मान किया जायेगा। मुंगेली से सुधारानी शर्मा एवँ लोरमी से दुर्गा तिवारी का नाम चयनित हुआ है।
प्रतिवर्ष अनुसार इस वर्ष भी राज्य शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन 05 सितम्बर 2025 को रायपुर में स्थित राजभवन के दरबार हॉल में किया जा रहा है। आपके जिले से चयनित शिक्षक दिनांक 04.09.2025 को एस.सी.ई.आर.टी., शंकर नगर में स्थित गेस्ट हाउस में प्रातः 08:00 बजे तक पहुंचना सुनिश्चित किया गया है। दिनांक 04.09.2025 को प्रातः 11:00 बजे राजभवन के दरबार हॉल में समस्त कार्यक्रमों का रिहर्सल किया जायेगा।
दिनांक 05.09.2025 को प्रातः 11:00 बजे शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन राजभवन के दरबार हॉल में राज्यपाल, मुख्यमंत्री, छ.ग. शासन, तथा स्कूल शिक्षा मंत्री छ.ग. शासन की उपस्थिति में होगा।
लोरमी ब्लाक के दुर्गा तिवारी शा० उच्च मा० वि० गोंड़खाम्ही में पदस्थ व्याख्याता एल० बी० नियुक्ति तिथि-21-06-2005 एवं पदोन्नति – 13-02-2014 हुआ।


मानस ग्राम सारधा के पुण्यधरा में कौशल्या देवी पंडित चंदूलाल तिवारी के घर द्वितीय पुत्री के रूप में जन्मी शिक्षाविद व साहित्यकार आज गुदड़ी के लाल की भूमिका में है । 06/05/1979 में एक मध्यमवर्गीय ब्राह्मण परिवार में जन्मी दुर्गा बाएं पैर से 65% दिव्यांग है , इनकी दिव्यांगता इनके लिए और उनके परिवार के लिए एक चुनौती थी इन्होने कभी हार नहीं मानी। इन्होंने अपनी दिव्यांगता की इस कड़ी चुनौती को स्वीकार करते हुए निरंतर आगे बढ़ती गई। इस प्रकार इन्होंने अपने जीवन की यात्रा एक शिक्षिका के रूप में आरंभ की। 24/04/1999 को शिक्षा गारंटी “गुरुजी” के पद पर उनकी नियुक्ति हुई ।
भवनविहीन होने के कारण इन्होंने कक्षा का संचालन अपने ही घर में 6 वर्ष तक किया । 24/06/2005 को इनकी नियुक्ति शासकीय उन्नत कन्या शाला झफल मे शिक्षा कर्मी वर्ग 2 के पद पर हुई । 2 वर्ष तक इन्होंने यहां सेवा दी। उसके बाद शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय मजगांव में इन्होंने 7 वर्ष सेवा दी । इन्होंने बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने बालिकाओं को समाज के मुख्य धारा से जोड़ने हेतु सहेली शाला प्रभारी के रूप में 6 वर्ष तक कार्य किया अभी वर्तमान में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गोंडखाम्ही में व्याख्याता एल.बी .के रूप में पदस्थ हैं। ये स्काउट गाइड प्रभारी हैं।
कोरोनावायरस जैसे भयावह स्थिति में उन्होंने 2020 से ऑनलाइन क्लास के माध्यम से बच्चों को पढ़ाई से जोड़े रखने का एक सराहनीय प्रयास किया । इन्होंने सिर्फ अपने ही जिले की ही नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ के हर जिले के बच्चों को ऑनलाइन क्लास के माध्यम से पढ़ाया । इन्होंने 1376 ऑनलाइन क्लास ली और 76629 बच्चों को लाभान्वित किया। इन्होंने मोहल्ला क्लास भी संचालित किया । दुर्गा तिवारी अपने शिक्षकीय जीवन के 19 वर्षों से विद्यालय, संकुल, डाइट पेंड्रा तथा राज्य सरकार द्वारा अनेक बार सम्मानित करने के साथ 2011 में सर्वश्रेष्ठ अस्थि बाधित कर्मचारी राज्य स्तरीय पुरस्कार से पुरस्कृत हो चुकी है । शिक्षा व साहित्य के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान हेतु मुंगेली जिला कलेक्टर डॉ संजय अलंग जी, किरण कौशल जी और अजीत बसंत जी के द्वारा सम्मानित हो चुकी है । इसी प्रकार समाज सेवा व साहित्यकार के रूप में दो बार छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग रायपुर से सम्मानित हो चुकी है । मुख्यमंत्री डॉक्टर रमन सिंह ,
विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक , शिक्षा मंत्री बृजमोहन अग्रवाल , शहरी आवास और विकास मंत्री तोखन साहू द्वारा इनको सम्मानित किया जा चुका है ।
दुर्गा तिवारी विभिन्न सामाजिक सांस्कृतिक साहित्यिक से जुड़कर समाज सेवा में रत लाखों लोगों के प्रेरणा स्रोत बने हुए हैं।भारतवर्ष के विभिन्न क्षेत्रों के विकास हेतु दुर्गा तिवारी द्वारा लिखे गए गद्य – पद्य लेख विभिन्न पत्र पत्रिकाओं व समाचार पत्रों में प्रकाशित होते रहते हैं । इनकी जीवन की गतिशीलता, समाज सेवा, सहयोग एवं कर्तव्य परायणता ही इनके जीवन के आदर्श हैं ।इन सभी सेवाओं में रत होने के बावजूद दुर्गा तिवारी की व्यवहार कुशलता सहजता व सरलता इनके बहु आयामी व्यक्तित्व के परिचायक है।
दुर्गा का लक्ष्य ◆ शाला और छत्तीसगढ़ के लिए बच्चों का सर्वांगीण विकास, बालक-बालिका सभी शिक्षित हो।, शासकीय शालाओं के प्रति छात्रों एवं अभिभावकों का विश्वास बढ़ाना। हमर शाला व हमर छत्तीसगढ़ समृद्ध हो , शिक्षक प्रशिक्षित तथा व्यवहारिक हो, क्लास स्मार्ट हो, प्रदेश के सभी विद्यालयों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो।


राज्य शिक्षक पुरस्कार ,राज्यपाल अवार्ड से सम्मानित होगीं, मुंगेली की
शिक्षिका सुधा रानी शर्मा…
उन्हे यह सम्मान 5 सितंबर को राजभवन मे राज्यपाल रामेन डेका के हाथों से प्राप्त होगा
छत्तीसगढ़, मुंगेली जिले से शा.प्रा.शाला करही की शिक्षिका सुधारानी शर्मा को, शैक्षिक, समाज सेवा, सहित लेखन के क्षेत्र में किए गए विभिन्न कार्यों लेखो, नवाचारो, विषय आधारित उल्लेखनीय कार्यो,विशेष रूप से,किताबो,पुस्तको से आम लोगो को जोड़ने,पुस्तको का महत्व समझाने, शिक्षादान-महादान, जिसमें निःशुल्क ग्रंथालय- वाचनालय, सांस्कृतिक पर्वों का महत्व, छत्तीसगढ़ी एवं हिंदी में, समसामयिक लेख, कविता, कहानी, हाना, छत्तीसगढ़ी एवं हिंदी अनुवाद, भावार्थ, बाल साहित्य से संबंधित सामग्री, बाल मनोविज्ञान पर आधारित बच्चों को शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराने, पठन, लेखन को प्रोत्साहन, बच्चों में शैक्षिक गुणवत्ता स्तर में वृद्धि करने के लिए, शिक्षण अधिगम बढ़ाने के लिए, नवप्रयोग, नवाचारों के क्रियान्वयन साथ ही, पौधारोपण पर्यावरण प्रदूषण रोकथाम, बालिका शिक्षा, एफ एल एन FLN, पोक्सो बॉक्स की जानकारी, गुड टच बेड टच, शारीरिक स्वच्छता की बातें, साथ ही जरूरतमंद बच्चों को, शिक्षण सामग्री प्रदान करना, सभी अभिभावको,पालको के बीच समन्वय, FLN मे दायित्व निर्वहन नोडल,अंगना मा शिक्षा, SRG,DRG ,माता उन्मुखीकरण, बस्ताविहींन शिक्षा, स्कूल का वातावरण रुचिकर, एवं खेल खेल में शिक्षा, सभी विषय पर लेख, संस्मरण, कहानी, लघु शोधों के आधार पर , नित नवीन ,मौलिक ,नैतिक ,प्रयोग के द्वारा बच्चो के शैक्षिक गुणवत्ता मे वृद्धि, पुतली कला के द्वारा नवीन विषयो की जानकारी मनोरंजक तरीके से देना, और स्कूल का वातावरण रूचिकर बनाने, और प्रत्येक बच्चे को सरकारी स्कूल के प्रति लगाव ,एवम सरकारी स्कूल के महत्व को जन जन पहुँचाने मे विशेष प्रयास हेतु,राष्ट्रीय शिक्षानीति NEP 2020 पर कार्य एवम विषय आधारित प्रशिक्षण हेतु प्रदान किया गया, समस्त विषय आधारित लेखन के द्वारा विषयो का सरलीकरण ,अनुवाद एवम सर्व ग्राहता इनकी विशेषता है,
शैक्षिक जगत के साथ ही समाज सेवा,शिक्षादान-महादान, लेखन ,साहित्य के लिए
स्कूल, संकुल,विकासखंड ,जिला ,राज्य स्तर पर सम्मानित किया गया है शिक्षा विभाग, जिला शिक्षाधिकारी , जिलाधीश ,जन प्रतिनिधियो द्वारा सम्मानित किया गया,इन्हे मुंगेली गौरव सम्मान, उत्कृष्ट शिक्षक, आदर्श शिक्षक, नवाचारी शिक्षक, के साथ ही मुख्य मंत्री गौरव अलंकरण ,शिक्षादूत का सम्मान मिला,
उनकी इस उपलब्धि पर समस्त शैक्षिक जगत, सामाजिक क्षेत्र, एवं साहित्यिक क्षेत्र में, हर्ष के साथ सभी पालको अभिभावको, शिक्षकों, कवियों, साहित्यकारों ने, सुधारानी शर्मा को बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की, श्रीमती शर्मा ने अपनी इस उपलब्धि पर, सतत कार्यो, मेहनत, ईमानदारी के साथ ही, हर कदम पर साथ निभाने वाले, उनके पति विजय कुमार शर्मा के प्रति कृतज्ञता एवं आभार व्यक्त किया, जिन्होंने नारी के मान सम्मान, नारी सशक्तिकरण उनकी योग्यता ,शिक्षा एवं संस्कारों का, हर कदम पर मान रखा, और इस लिए राज्यपाल पुरस्कार से नवाजा जायेगा,मुंगेली जिले को गौरवान्वित होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।



