अहो देवी गंगा:भोजली उत्सव में उमड़ी महिलाओं,बच्चों की भीड़..

हरिपथ,लोरमी– 10 अगस्त नगर एवं ग्राम सुकली एवं खपरीकला क्षेत्र में भोजली उत्सव धूमधाम से मनाया गया। भोजली उत्सव परंपरा अनुसार प्रतिवर्ष की भ्रांति इस वर्ष भी धूमधाम से भोजली विसर्जन किया गया। रामधुन की अगवाई में महिलाओं ने सिर में भोजली को रखकर अपने घर से निकले और सभी महिलाएं व बच्चे एकत्रित होकर एक साथ अगर नदी में भोजली विसर्जन किये। और एक दूसरे को खुजरी पहनकर बधाई दिए। गाँव मे मितान (मित्र) बनाने की परम्परा भी निभाई गयी।

समीपस्थ ग्राम सुकली में छत्तीसगढ़ के पारंपरिक लोक महापर्व भोजली हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। भोजली विसर्जन के लिए गांव में भजन कीर्तन के साथ लोग समूह में निकले। भोजली गीत के साथ आगे-आगे कलश और भोजली को सिर पर रखकर चलती रही। बच्चों एवं महिला वर्ग भोजली उत्सव को लेकर काफी उत्साहित दिखी।

इस अवसर पर ग्राम के सरपंच प्रतिनिधि नोहर सिंह राजपूत ने कहा कि भोजली का पर्व हमारी विशिष्ट छत्तीसगढ़ी संस्कृति है।

भोजली मित्रता का उत्सव भी है। छत्तीसगढ़ में मित्रता के अटूट बंधन के लिए भोजली बदलने की परम्परा रही है। इस तरह भोजली केवल पारम्परिक अनुष्ठान नहीं रह जाता अपितु लोगों के दिलों में बस जाता है। जब हमारी संस्कृति बचेगी तभी हम बचेंगे। जब हमें अपनी संस्कृति पर गौरव होगा, तभी हमारा आत्मविश्वास भी बढ़ेगा।
गांव के मुख्य चौराहे से निकलकर हर एक गली-मुहल्ले में झूमते गाते हुए भजन-कीर्तन के साथ भोजली रामायण चौक के पास पहुँचा। जहाँ मनियारी नदी में देवी गंगा लोकगीत गाते हुए भोजली विसर्जन किया गया। इस दौरान नदी में पूजा अर्चना किया गया। विसर्जन के बाद बचाए गए भोजली बड़े-बुजुर्गों को भेंट कर आशीर्वाद लिया गया। मित्रता सौहार्द व सामाजिक समरसता का संदेश दिया गया। इस दिन को छत्तसगढ़ी फ्रेंडशिप के रूप में मनाया गया। एक-दूसरे को भोजली देकर मितान बनाने की परंपरा का भी निर्वहन किया गया। भोजली विसर्जन के मौके पर गांव में मेले का आयोजन किया गया। जिसमें मनिहारी दुकान, मिठाई, चाट, गुपचुप ठेला, लगाए गए थे जिसका आनन्द लेने बड़ी संख्या में ग्रामीण जूटे रहे।

इस अवसर पर छेदीलाल कुंभकार, मोतीराम साहू, गोपी राम यादव ,शिव निषाद ,कन्हैया निषाद, खुलवा यादव, सिराती सोनकर ,बिहारी कुंभकार, लव कुमार सोनी ,नीकू राम साहू ,शिकू राम साहू ,शाखा निषाद, खिलावन निषाद, जगदेव साहू, झूठेल साहू, उमेंदा साहू, मदन साहू ,सोम सोनी, परसादी राम यादव सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहे।