एडीबी के अधिकारियों ने देखी एटीआर में वन्यप्राणीयो की आवास व्यवस्था…

हरिपथ:लोरमी-4 जनवरी प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं मुख्य वन्यप्राणी अभिरक्षक (PCCF & CWLW) के मार्गदर्शन में आज एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) के अधिकारियों की एक टीम ने अचानकमार टाइगर रिज़र्व (ATR) का भ्रमण किया। इस दौरान टीम ने रिज़र्व में संचालित विभिन्न संरक्षण गतिविधियों का विस्तृत अवलोकन किया, वर्तमान वित्तीय आवश्यकताओं एवं अंतरालों का आकलन किया तथा वन्यप्राणी प्रबंधन एवं आवास संरक्षण के लिए भविष्य की कार्ययोजना पर विचार-विमर्श किया।

भ्रमण के दौरान मुख्य वन संरक्षक (वन्यप्राणी) एवं फील्ड डायरेक्टर, ATR, उप संचालक, ATR, सहायक संचालक (कोर) तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा ADB प्रतिनिधिमंडल को रिज़र्व में संचालित प्रमुख संरक्षण पहल, समुदाय आधारित प्रबंधन मॉडल, ईको-डेवलपमेंट गतिविधियों एवं वैज्ञानिक निगरानी तंत्रों के बारे में विस्तार से अवगत कराया गया।
यह बैठक ATR प्रबंधन एवं ADB के बीच तकनीकी संवाद एवं रणनीतिक समन्वय को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम रही।
तत् पश्चात इंटरप्रिटेशन सेंटर शिवतराई में प्रथम पाली में अचानकमार टाइगर रिज़र्व (ATR) प्रबंधन एवं WWF-India द्वारा संयुक्त रूप से लैंडस्केप स्तर पर ATR तथा मरवाही वन मंडल के फील्ड स्टाफ के लिए AITE 2026 के चरण-1 अभ्यास के संबंध में रिफ़्रेशर प्रशिक्षण आयोजित किया गया। उक्त प्रशिकक्षण में मास्टर ट्रेनर के रूप में WWF टीम से उपेंद्र दुबे सीनियर प्रोजेक्ट ऑफिसर, डाॅ. अनुराग विश्वकर्मा वरिष्ठ परियोजना अधिकारी WWF द्वारा लाईन ट्रांजेक्ट के दौरान शाकाहारी एवं मांसाहारी वन्यप्राणियों की प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष पहचान, वनस्पति की पहचान, आंकड़े की एकत्रीकरण एवं कैमरा ट्रैपिंग का उपयोग के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया एवं ATR से बृजभूषणदास मानिकपुरी (वनपाल) एवं भूपेंद्र कौशिक GIS CELL द्वारा एम- स्ट्राईप्स मोबाईल एप के माध्यम से प्रशिक्षण, डिजिटल टूल कम्पास, रेंज फाईंडर के उपयोग, इत्यादि के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया। ATR के नव नियुक्त 10 वनरक्षकों को वन्यप्रानी संरक्षण एवं प्रबंधन के संबंध में विस्तृत जानकारी भी दी गई।
उक्त प्रशिक्षण में अचानकमार प्रबंधन एवं मारवाही वानमंडल के समस्त संबंधित अधिकारी, कर्मचारी एवं मैदानी अमले उपस्थित रहे।



