50 बिस्तर अस्पताल में मरीज को अनाधिकृत रूप से ले जाने का आरोप! हंगामा मचाने वाले तीन के खिलाफ जुर्म दर्ज…

हरिपथ:लोरमी-20 जून नगर के शासकीय 50 बिस्तर अस्पताल में निजी एम्बुलेंस संचालक एवं चालक सहित तीन लोगों का अस्पताल परिसर से जबरन मरीज को ले जाना एवं शासकीय कर्मचारियों से बदसलूकी कर हंगामा मचाने का वाले के खिलाफ़ पुलिस थाने में कार्यवाही का मामला प्रकाश में आया है। पुलिस ने तीन लोगों के खिकाफ जुर्म दर्ज कर तलाश प्रारम्भ कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार खंण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ जीएस दाऊ ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक 17-18/06/2026 के मध्य को अजय टंडन, दुर्गेश एवं आकाश के द्वारा शासकीय 50 बिस्तर हास्पिटल परिसर के अंदर अनाधिकृत रूप से प्रवेश कर शासकीय कार्य में बाधा डालते हुये अश्लील गाली गलौच कर जान से मारने की धमकी देते हुये हास्पीटल के भर्ती मरीज को बिना अनुमति के अपने प्रायवेट एम्बुलेंस से जबरदस्ती ले जाने के संबंध में एक लिखित रिपोर्ट दर्ज कराया है। हंगामा करने वाला का वीडियो फुजेट वायरल है।

पुलिस ने शासकीय 50 बिस्तर अस्पताल परिसर लोरमी में गाली गलौज, अशांति एवं गुण्डागर्दी कर मरीज को जबरदस्ती निजी चिकित्सालय ले जाने वाले व्यक्तियों अजय टंडन पिता भागवत उम्र लगभग 26 वर्ष प्राईवेंट एम्बुलेंस चालक एवं दुर्गेश पिता भागवत उम्र 22 वर्ष, आकाश पिता भागवत उम्र 20 वर्ष सभी निवासी ग्राम सेमरिया, एवं अन्य के विरुद्ध जुर्म दर्ज किया है।
पुलिस ने बताया कि प्राथी की रिपोर्ट पर दिनांक 17/06/2026 के मध्य रात्रि अजय टंडन नामक व्यक्ति जो अपने आप को प्राईवेंट एम्बुलेंस चालक बताता है और कुछ महिनो से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र 50 बिस्तर अस्पताल गांधीडीह लोरमी में आते-जाते रहता है, के द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में गरीब मरीज जो अपना ईलाज कराने आते है उनके परिजनो को भड़काकर उन्हे प्रलोभन देकर शासकीय अस्पताल में ईलाज नहीं होता है, कहकर जबरदस्ती भर्ती मरीज को डिस्चार्ज कराकर अन्य प्राईवेट अस्पतालो में ले जाता है।

17 जून मध्य रात्रि को जब अस्पताल में भृत्य के पद पर पदस्थ देवदूत महंत क्यूटी पर था और साथ ही डॉ. विवेक शर्मा भी ड्यूटी पर थे तो उक्त व्यक्ति अजय टंडन एवं उनके सहयोगी अन्य साथियों के द्वारा शासकीय अस्पताल में भर्ती मरीज को ले जाने के लिए शासकीय अस्पताल के परिसर में एम्बुलेंस लेकर आ गया था जिसका नम्बर सी.जी. 04 एन. एन. 1092 है और इसी बात को लेकर रामनिवास राजपूत जो सुरक्षाकर्मी के पद पर पदस्थ है के द्वारा अस्पताल परिसर के अंदर प्राईवेंट एम्बुलेंस लाने के लिए शासकीय अस्पताल के नियम के अनुसार सही नही है करके रोका गया,जिस पर उच्च अधिकारियों के द्वारा निर्देशित किया गया है।

अस्पताल 50 बिस्तर के प्रमुख खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ. जी. एस. दाऊ तथा उक्त व्यक्तियों के द्वारा अस्पताल परिसर में उपस्थित डॉक्टरो, नर्सिंग स्टाफ एवं अन्य कर्मचारियों के समक्ष जोर-जोर से गाली गलौज, अभद्र व्यवहार एवं धमकी पूर्ण शब्दों का प्रयोग करते हुये भय एवं अशांति का वातावरण निर्मित किया ।
इधर अस्पताल परिसर में हंगामा पर उक्त व्यक्तियों का कृत्य अस्पताल में उपचार हेतु भर्ती मरीजो एवं परिजनो में घबराहट एवं भय की स्थिति उत्पन्न हुई तथा चिकित्सीय सेवाएं प्रभावित हुई उक्त व्यक्तियों अजय टण्डन एवं अन्य के द्वारा अस्पताल में उपचाराधिन मरीज को चिकित्सीय प्रक्रिया एवं अस्पताल प्रशासन की अनुमति के बिना दबाय पूर्वक जबरदस्ती अपने साथ निजी अस्पताल ले जाने का आरोप लगाया गया है।
उक्त घटना को बाद में उस समय घटना पर ड्यूटी रहे रामनिवास राजपूत, देवदुत महंत और डॉ. विवेक शर्मा के द्वारा बताया गया जिस समय अजय टण्डन एवं अन्य लोगो के द्वारा गुण्डागर्दी की जा रही थी तो उसका मोबाईल से विडियो बन रहा था, उसे पता नही था,जो अब वायरल हो रहा है।
50 बिस्तरअस्पताल में पदस्थ स्टाप नर्स अनिता राय, दीपा पाटले, जमुना मरकाम एवं अस्पताल में पदस्थ डॉ. जितेन्द्र पैकरा, डॉ. परमेश्वर कश्यप एवं डॉ. रूपेश साहू के द्वारा बताया गया,कि उक्त व्यक्ति जो कई महिनो से 50 बिस्तर अस्पताल में अनाधिकृत रूप से घुम रहा है और उसे रोके जाने एवं टोके जाने पर ड्यूटी पर तैनात डॉ. व स्टाप को ही धमकी देने का आरोप लगाया गया है। उसके अलावा उसके दो अन्य भाई भी 50 बिस्तर अस्पताल परिसर लोरमी में घुमते रहते है गरीब मरीज को शासकीय अस्पताल में ईलाज नहीं मिलता है, कहकर उन्हें भड़काते रहते है और उन्हे प्राईवेट हास्पिटल में ईलाज अच्छा होता है, कहकर डिस्चार्ज होने के लिए प्रेरित करते है और दबाव बनाने एवं प्रलोभन देने का गम्भीर आरोप लगया गया है। उक्त घटना के बाद अस्पताल के कर्मचारियों में रोष एवं भय व्याप्त है।

रिपोर्ट में उल्लेख– शासकीय 50 बिस्तर अस्पताल गांधीडीह लोरमी के सरकारी कार्य में रुकावट डालना, सरकारी कर्मचारियों से वाद-विवाद करना, सरकारी कर्मचारियों से अपशब्दों का प्रयोग करना, सरकारी कर्मचारियों को धमकी देना, सरकारी कर्मचारी से वसूली मांगना, ब्लेक मेल करना, सरकारी अस्पताल परिसर में जबरदस्ती बिना कार्य से घुसना, शासकीय सम्पत्ति को नुकसान पहुँचाना, शासकीय दस्तावेजो को चोरी करने का प्रयास करना, शासकीय दस्तावेजो को नुकसान पहुँचाने की कोशिश करना, रात्रिकालीन अनाधिकृत रूप से अपने साथ अन्य साथियों के साथ जमाव रखना, साथ ही शासकीय अस्पताल परिसर में बल व हिंसा का प्रयोग करने का कार्य अजय टण्डन के द्वारा किया जा रहा है।

उक्त दिनांक 17 जून 2026 के 11.30 से 18 जून रात्रि करीबन लगभग 1 बजे के मध्य को उक्त व्यक्ति आरोपी एवं अन्य साथियों के साथ की गई घटना को प्रत्यक्षदर्शी रामनिवास राजपूत, देवदुत महंत, डॉ. विवेक शर्मा एवं अन्य लोगो ने देखा है तथा साथ डॉ. विवेक शर्मा, डॉ. परमेश्वर कश्यप, डॉ. जितेन्द्र पैकरा, डॉ. रूपेश साहू, स्टाफ अनिता राय, दीपा पाटले, जमुना मरकाम, सुरक्षाकर्मी रामनिवास राजपूत, देवदुत महंत ने डॉ जीएस दाऊ के साथ स्थानीय थाना रिपोर्ट दर्ज कर कठोर वैधानिक कार्यवाही की मांग कर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने मांग किये है, कि जिससे भविष्य में शासकीय 50 बिस्तर अस्पताल लोरमी की शांति एवं सुरक्षा भंग न हो। उक्त घटना की लिखित शिकायत रिपोर्ट दर्ज कराया गया।
पुलिस ने प्राथी के रिपोर्ट पर आरोपी अजय टंडन, आकाश एवं दुर्गेश तथा अन्य लोगो के विरूद्ध धारा 296, 351,(3), 221,132,(3),(5) बीएनएस के तहत जुर्म दर्ज कर आरोपियों की तलाश में जुट गयी है।
डॉ. जी.एस.दाऊ खण्ड चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि अस्पताल में गुंडागर्दी कर जबरन मरीज को निजी अस्पताल में ले जाने पर थाने में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराया गया है।